मुंह का कैंसर (Mouth Cancer) : कारण, लक्षण एंव बचाव के टिप्स

Written by Oye Zindagi Team

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मुँह का कैंसर (Mouth Cancer) सिर और गर्दन के सबसे आम प्रकार का कैंसर माना जाता है। यह आमतौर पर 60 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को प्रभावित करता है। मुँह का कैंसर आपके होंठों और जीभ के पहले हिस्सों, मुँह के छत और तल, और आपके ओरोफैरिंक्स – जीभ के अंतिम हिस्सों और मुँह की छत, गले के टॉन्सिल्स और गले के पाठियों और पीठ को प्रभावित करता है।

मुँह का कैंसर बहुत ही घातक बीमारी मानी जाती है, इसलिए आज हम विस्तार से समझेंगे कि मुंह का कैंसर क्या होता है (Mouth Cancer in Hindi) के प्रमुख लक्षण (Mouth Cancer Symptoms in Hindi), कारण (Mouth Cancer Causes in Hindi) को एंव इससे कैसे बचा जा सकता है। 

मुँह का कैंसर (Mouth Cancer) क्‍या है?

शरीर के किसी हिस्‍से में कोशिकाओंं का अनियंत्रित विकास होना, जिसकी वज‍ह से उसके संपर्क में आने से अन्‍य स्‍वस्‍थ कोशिकाओंं का भी क्षतिग्रस्‍त हो जाना ही कैंसर है।

कैंसर कई तरह के होते हैं और Mouth Cancer उन्‍हीं में से एक है। Mouth Cancer को Oral Cancer भी कहते है, और यह मुंह के किसी भी हिस्‍से जैसे कि जीभ, होठ, गाल या मसूड़ा या मुंह के उपरी हिस्‍से में हो सकता है।

Mouth Cancer मुंह‍ के अन्‍दर की ओर से शुरू होता है, और यह युवाओं में ज्‍यादा पाया जाता है। युवाओं में एक चोथाई कैंसर मुंह के होते है और इसका मुख्‍य कारण युवाओं की जीवन शैली है।

Mouth Cancer Causes in Hindi / कारण

आइए जानते हैं कि Mouth Cancer होने के प्रमुख कारण कौन-कौन से हैं?

ज्‍यादा धूम्रपान करने, शराब का अधिक सेवन, गुटखा और तम्‍बाकू या तम्‍बाकू से बने किसी भी प्रकार के उत्‍पाद को खाना Mouth Cancer का प्रमुख कारण है। Mouth Cancer महिलाओं की अपेक्षा पुरूषो में ज्‍यादा पाया जाता है क्‍योंकि महिलाओं की अपेक्षा पुरूष ही तम्‍बाकू से बने उत्‍पादों या शराब का सेवन अधिक करते हैं।

किसी भी कारण से बहुत समय तक सूर्य की Harmful Ultraviolet किरणों के संपर्क में आने से भी Cancer का खतरा बढ़ जाता है। क्‍योंकि सूर्य की Harmful Ultraviolet किरणों के सम्‍पर्क में लम्‍बे समय तक रहने से कोशिकाओं के DNA में बदलाव आ जाता है। जिससे ये कोशिकाए अनियंत्रित होकर Growth करने लगती है और कैंसर का रूप धारण कर लेती हैं।

Mouth Cancer का ए‍क कारण यह भी है कि जिनके परिवार में Mouth Cancer का इतिहास रहा हो, ऐसे लोगों को Mouth Cancer होने का ज्यादा खतरा होता है।

Mouth Cancer Symptoms in Hindi / प्रमुख लक्षण

मुंह के Cancer का प्रमुख Symptoms है कि मुंह में लाल या सफेद रंग के छाले या घाव का हो जाना, जो काफी समय तक ठीक नही होता है। सामान्‍यत: इन छालों को ठीक होने में 15 से 25 दिन तक का समय लग जाता है। इन छालों या घावो से खून निकलता रहता है और सांसो में बिना किसी कारण से बहुत तेज बदबू आती रहती है। नाक से खून निकलना या कान में तेज दर्द होना भी Mouth Cancer के लक्षण होते हैं।

कई बार देखा गया है कि मुंह के किसी हिस्‍से में एक या एक से अधिक दर्दरहित गांठ हो गई हो जाती है, या मुंह के साथ ही इसके अन्‍य भाग में सुन्‍नता हो जाती है, तो यह भी मुंह के Cancer का कारण हो सकता है। कई बार इन गांठो में तेज दर्द भी होता है।

उम्र के साथ Teeth का ढीला होना एक आम बात है, लेकिन समय से पहले ही मुंह के Teeth ढीले हो गए होंं और खाना चबाने या निगलने में परेशानी हो रही हो, धीरे-धीरे मुंह का स्‍वाद बदल रहा हो और स्‍वाद में कड़वापन या खट्टापन आने लगा हो, तो ये भी Mouth Cancer के कारण हो सकता है।

कई बार Radiation के कारण भी मुंह का कैंसर हो सकता है और सामान्‍यत: CT Scan या X-RAY Radiation के मुख्‍य कारण हो सकते हैं। इसलिए बहुत ज्‍यादा जरूरत हो तभी ये Scan करवाने चाहिऐं।

अचानक से बिना किसी कारण से व्‍यक्ति का वजन कम होने लगना भी कैंसर के कारण हो सकता है।

यदि उपरोक्‍तानुसार बताए गए लक्षणों में से कई लक्षण किसी व्‍यक्ति में दिखाई पड़ रहे हों तो उसे निश्चित ही किसी अच्‍छे Doctor से सम्‍पर्क करना चाहिए।

Mouth Cancer से बचाव

  • Mouth Cancer से बचने का केवल एक ही रास्‍ता है कि आप अपने मुंह का ध्‍यान रखें और गलत जीवनशैली से जितनी जल्‍दी हो सके उतनी जल्‍दी छुटकारा पा लें। यानी-
  • तंबाकू का सेवन न करे और अगर कर रहे है तो तुरन्‍त बन्‍द कर दें।
  • शराब, या शराब जैसी किसी भी प्रकार के पेय को बन्‍द कर दें।
  • सूर्य कि Harmful Ultraviolet किरणों से दूर रहें, हो सके तो धूप में जाने से पहले अपने शरीर को अच्‍छी प्रकार से ढ़क लें, क्‍योंंकि होठोंं पर होने वाला Cancer सूर्य कि तेज किरणों से ही होता है।
  • अगर आपके परिवार में किसी को भी किसी भी प्रकार का Cancer है, या किसी को Mouth Cancer है, तो समय-समय पर अपनी जाँत करवाते रहें।
  • अपनी जीवन शैली को बदलें और योग-प्रणायाम करने की आदत ड़ाले जिससे रोगों से लड़ने की शक्ति मिल सके।
  • अपने मुंह को हमेंशा साफ रखें और खाने के बाद दोनों समय ब्रश जरूर करें। साथ ही साल में कम से कम एक बार अपने Teeth को Dentist को जरूर दिखाया करें।
  • Junk Food, Processed Food, Cold Drinks का Use कम से कम करें और Natural चीजों का सेवन अधिक करें।
  • दांतो, मसूड़ों या गले के अंदर कोई भी बदलाव नज़र आए तो तुरन्‍त Dentist से जाँच जरूर करवाएं।
  • कीटनाशक, रसायन और कृत्रिम रंगों से बचें और प्रदूषित जगहों पर कम से कम जाएं।

अन्य कैंसर की जानकारी : 

Note: यह Article केवल Mouth Cancer से सम्‍बंधित है ताकि यदि आपको इस पोस्‍ट में बताए गए लक्षणों में से एक या अधिक लक्षण प्र‍तीत हों, तो आप समय रहते चिकित्‍सक से सम्‍पर्क करे क्‍योंकि किसी भी Cancer की कई Stages होती हैं और यदि Patient इस बीमारी को इसके पहले Stage में ही जान ले, तो मात्र दवाईयों के माध्‍यम से ही इसका ईलाज सम्‍भव है। जी हां, Cancer लाईलाज नहीं है बशर्ते कि उसे उसके पहले Stage में ही Identify कर लिया गया हो।

उम्‍मीद है Mouth Cancer से सम्‍बंधित ये पोस्‍ट आपके लिए उपयोगी व ज्ञानवर्धक रही होगी। यदि आपको ये पोस्‍ट अच्‍छा लगा हो, तो अपने मित्रों के साथ Share कीजिए, Like कीजिए और Comment कीजिए।

6 thoughts on “मुंह का कैंसर (Mouth Cancer) : कारण, लक्षण एंव बचाव के टिप्स”

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